Sunday, September 27, 2026
HomeUncategorizedपाकिस्तान के सेना प्रमुख मुनीर अफगानिस्तान के साथ जानबूझकर ''तनाव ब­ढ़ा रहे'':...

पाकिस्तान के सेना प्रमुख मुनीर अफगानिस्तान के साथ जानबूझकर ”तनाव ब­ढ़ा रहे”: इमरान खान

लाहौर. जेल में बंद पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान ने सेना प्रमुख फील्ड मार्शल असीम मुनीर की नीतियों को देश के लिए ”विनाशकारी” बताते हुए बुधवार को आरोप लगाया कि वह (मुनीर) अफगानिस्तान के साथ जानबूझकर ”तनाव ब­ढ़ा” रहे हैं. पूर्व क्रिकेटर इमरान (73) ने सोशल मीडिया पर एक ‘पोस्ट’ में यह टिप्पणी की. इससे एक दिन पहले ही उनकी बहन डॉ. उज्मा खान ने पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ के नेतृत्व वाली सरकार से ”विशेष अनुमति” मिलने के बाद रावलपिंडी की अदियाला जेल में एक महीने से अधिक समय बाद उनसे मुलाकात की थी.

इमरान ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर लिखा, ”असीम मुनीर की नीतियां पाकिस्तान के लिए विनाशकारी हैं. उनकी नीतियों के कारण आतंकवाद नियंत्रण से बाहर हो गया है, जिससे मुझे बहुत तकलीफ होती है.” इमरान ने लिखा, ”असीम मुनीर को पाकिस्तान के राष्ट्रीय हितों की कोई चिंता नहीं है. वह यह सब केवल पश्चिमी ताकतों को खुश करने के लिए कर रहे हैं. उन्होंने अफगानिस्तान के साथ जानबूझकर तनाव ब­ढ़ाया, ताकि उन्हें अंतरराष्ट्रीय स्तर पर एक तथाकथित ‘मुजाहिद’ (इस्लामी लड़ाके) के रूप में देखा जा सके.” पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ (पीटीआई) पार्टी के संस्थापक ने कहा कि वह देश में ”अपने ही लोगों के खिलाफ ड्रोन हमलों और सैन्य अभियानों” का विरोध करते हैं, क्योंकि उनके अनुसार इससे आतंकवाद को और ब­ढ़ावा मिलेगा.

इमरान ने कहा, ”मुनीर ने पहले अफगानों को धमकाया, फिर पाकिस्तान से शरणार्थियों को बाहर निकाला और ड्रोन हमले किए, जिनके परिणाम अब हम ब­ढ़ते आतंकवाद के रूप में भुगत रहे हैं.” पीटीआई प्रमुख ने मुनीर को ”मानसिक रूप से अस्थिर व्यक्ति” बताते हुए आरोप लगाया कि उनके ”नैतिक दिवालियापन के कारण पाकिस्तान में संविधान और कानून का शासन पूरी तरह से ध्वस्त हो गया है.” इमरान ने दावा किया कि मुनीर के आदेश पर उन्हें और उनकी पत्नी को ”फर्जी मामलों में कैद किया गया है और बेहद कड़ी मनोवैज्ञानिक यातना दी जा रही है.”

उन्होंने कहा, ”मुझे जेल में चार हफ्ते से पूरी तरह से अलग-थलग एक कोठरी में बंद करके रखा गया है, मुझे किसी भी व्यक्ति से संपर्क नहीं करने दिया जा रहा है. मुझे बाहरी दुनिया से पूरी तरह अलग रखा गया है और जेल नियमावली के तहत जो बुनियादी जरूरतें पूरी किए जाने की गारंटी दी जाती है, मुझे उनसे भी वंचित रखा गया है.” इमरान ने कहा कि उच्च न्यायालय के स्पष्ट निर्देशों की अवहेलना करते हुए पहले तो उनके राजनीतिक सहयोगियों को उनसे मिलने से रोक दिया गया और अब उनके वकीलों एवं परिवार के सदस्यों को भी उनसे मुलाकात करने नहीं दिया जा रहा है.

पूर्व प्रधानमंत्री ने कहा, ”किसी भी मानवाधिकार चार्टर को उठा लीजिए, मनोवैज्ञानिक उत्पीड़न को ‘यातना’ माना जाता है और इसे शारीरिक उत्पीड़न से भी अधिक गंभीर माना जाता है. मेरी बहन नोरीन नियाजी को केवल मुझसे मिलने के वैध अधिकार की मांग करने पर सड़क पर घसीटा गया.” इमरान ने खैबर पख्तूनख्वा प्रांत के मुख्यमंत्री सोहेल अफरीदी की प्रशंसा करते हुए कहा कि ”दमन के इस माहौल” में उन्होंने ”समझौते के बजाय प्रतिरोध” को चुना है.

इमरान से मिलने पर एक महीने से अधिक समय से अघोषित प्रतिबंध था. वह अगस्त 2023 से कई मामलों में जेल में बंद हैं.
पीटीआई संस्थापक के परिवार के सदस्यों को उनसे मिलने की अनुमति नहीं दिए जाने के कारण इमरान के स्वास्थ्य को लेकर सोशल मीडिया पर कई तरह की अटकलें लगाई जा रही थीं. उज्मा खान ने मंगलवार को रावलपिंडी की अदियाला जेल में अपने भाई से मुलाकात करने के बाद कहा कि उनका स्वास्थ्य ”पूरी तरह से ठीक” है, लेकिन उन्हें ”कारावास में अलग-थलग रखकर मानसिक यातना” दी जा रही है.

RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Most Popular

Recent Comments