Friday, September 25, 2026
Homeदेश विदेशआईटी पेशेवर की मौत मामले में फर्जी कहानी ग­ढ़ने की कोशिश कर...

आईटी पेशेवर की मौत मामले में फर्जी कहानी ग­ढ़ने की कोशिश कर रही है कांग्रेस: भाजपा

नयी दिल्ली. भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने सोमवार को कांग्रेस पर केरल के एक आईटी पेशेवर के कथित आत्महत्या मामले में ”फर्जी कहानी” ग­ढ़ने और उसे राजनीतिक रंग देने का आरोप लगाया तथा कहा कि विपक्षी दल दलितों का शुभचिंतक नहीं बल्कि एक नया सामंती संगठन है.

भाजपा का यह हमला कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी वाद्रा के उस दावे के बाद आया है जिसमें उन्होंने कहा था कि आईटी पेशेवर ने एक ‘सुसाइड नोट’ छोड़ा है, जिसमें आरोप लगाया गया है कि आरएसएस (राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ) के कई सदस्यों ने उसके साथ दुर्व्यवहार किया. उन्होंने मामले की गहन जांच की मांग की है.

भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता गुरुप्रकाश ने कहा कि कांग्रेस हमेशा से दलित और वंचित विरोधी रही है. उन्होंने एक संवाददाता सम्मेलन में कहा, ”…जानबूझकर एक फर्जी कहानी ग­ढ़ी जा रही है. कांग्रेस असंबंधित घटनाओं को जोड़कर राजनीतिक रंग देने की कोशिश कर रही है. देश के इतिहास में कांग्रेस सबसे बड़ी दलित विरोधी पार्टी है.” गुरुप्रकाश ने आरोप लगाया कि कांग्रेस के शीर्ष नेता दलितों को हुई विभिन्न घटनाओं पर चुप हैं, जिनमें कर्नाटक में एक नाबालिग के साथ बलात्कार का मामला और पश्चिम बंगाल में आदिवासी नेता एवं भाजपा सांसद खगेन मुर्मू पर हिंसक हमला शामिल है.

उन्होंने कहा, ”आज कांग्रेस नेता दलितों के हितैषी होने का दिखावा कर रहे हैं, लेकिन उन्हें आत्मचिंतन करना चाहिए. देश के दलित जानते हैं कि उन्होंने बी आर आंबेडकर के साथ कैसा दुर्व्यवहार किया था… उन्होंने बाबू जगजीवन राम का भी अपमान किया, जो एक दलित थे. वे (कांग्रेस) नये सामंती संगठन हैं.” उन्होंने कहा, “यह भाजपा सरकार ही है जिसने सुनिश्चित किया कि श्रीराम तीर्थ ट्रस्ट में दलित समुदाय का एक सदस्य हो.” गुरुप्रकाश ने कहा कि भाजपा ने मंत्रिपरिषद से लेकर पद्म पुरस्कार विजेताओं, विश्वविद्यालयों, अदालतों और सचिवालयों तक, हर क्षेत्र में दलितों का प्रतिनिधित्व सुनिश्चित किया है.

प्रियंका गांधी वाद्रा ने रविवार को ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में मांग की थी कि आरएसएस को आरोपों की पूरी जांच करने देना चाहिए.
उन्होंने पोस्ट किया, ”अपने सुसाइड नोट में आनंदू अजी ने आरोप लगाया कि आरएसएस के कई सदस्यों ने उनके साथ बार-बार दुर्व्यवहार किया. उन्होंने स्पष्ट रूप से कहा कि वे अकेले पीड़ित नहीं हैं और आरएसएस के शिविरों में बड़े पैमाने पर यौन शोषण हो रहा है. अगर यह सच है, तो यह भयावह है. पूरे भारत में लाखों युवा बच्चे और किशोर इन शिविरों में जाते हैं.” उन्होंने कहा, ”आरएसएस के नेतृत्व को तत्काल कार्रवाई करनी चाहिए, उन्हें पाक साफ होकर सामने आना चाहिए. लड़कों का यौन शोषण भी लड़कियों के यौन शोषण जितना ही भयावह है. इन जघन्य अपराधों के प्रति चुप्पी तोड़नी होगी.”

RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Most Popular

Recent Comments